selective focus photo of yellow sunflower

Sunflowers : सौर किरणों के शक्ति पुष्प

रविवार को सूर्य से ऐसी किरणें निकलती हैं जो आपको आलसी…बहुत आलसी बना देती हैं। ये वैज्ञानिक तथ्य नहीं है, ये रविवार को सूर्य और छुट्टी का दिन मानने के फलस्वरूप उपजा अनुभव है।
ये सूर्य की सुनहरी लकीरों का गणित है
जिसे सिर्फ मैं और तुम समझते हैं

The Hum-सफ़र Project |👫| प्यार बढ़ता है एक दूसरे का जूठा पीने से

नाम थोड़ा अंग्रेज़ी टाइप है.. लेकिन मायने ख़ालिस देसी हैं.. The Hum-Safar Project का अर्थ ये है कि हम सफ़र पर हैं… और इस सफ़र में हर दूसरे मोड़ पर … Continue reading The Hum-सफ़र Project |👫| प्यार बढ़ता है एक दूसरे का जूठा पीने से

Truth is forever ? 👨🏻‍💻 सच नहीं है सदा के लिए

हम सोचते रहते हैं कि जो सत्य है वो हमेशा हमेशा के लिए है, लेकिन इस दौर में लोग सत्य का स्थान परिवर्तन करवा देते हैं, उसकी दिशा बदल देते हैं… और फिर सुकुमार सा सच, झूठ के साथ चाय पकौड़ी करता नज़र आता है !

Diwali Preparations : दीवाली की तैयारी

ये दीवाली की तैयारी से जुड़े छोटे छोटे काव्यात्मक टुकड़े हैं। उम्मीद है आप इनसे खुद को जोड़ पाएंगे White wash : पुताई हर साल पुताई होती है और छोटी … Continue reading Diwali Preparations : दीवाली की तैयारी

विष-अमृत : Poison Defeated !

ये Poison की पराजय का उद्घोष है संसार में विष घोलने वालों को मेरी तरफ से ढेर सारा अमृत, बचपन में हम विष अमृत बहुत खेलते थे। तब विष को … Continue reading विष-अमृत : Poison Defeated !

offline letters from home

घरेलू प्रेम पत्र 💌 Offline Letters from Home

डाक विभाग बर्फ़ की सिल्ली की तरह जम गया है, नेटवर्क ने हड़ताल कर दी है, वक़्त के इस Offline टुकड़े में कुछ पुराने बिखरे हुए पत्र मिले हैं। दुनिया से खुद को काटकर गृहस्थ जीवन जीना भी किसी काव्य से कम नहीं। ये वक़्त के कुछ ऐसे अंश हैं, जो आपको अपने से लगेंगे। 7 नये हैं और 5 पहले के लिखे हुए हैं, कुल मिलाकर 12 हुए

19 Degree Celsius : वो मौसम जो खुद वाग्देवी सरस्वती ने लिखा

आसमान ने हीरे की अंगूठी पहनी है दिलों की बर्फ़ पिघल रही है जमी हुई चेतना पंख फड़फड़ा रही है हर कोई ठंडे घरों से बाहर निकलना या झाँकना चाहता … Continue reading 19 Degree Celsius : वो मौसम जो खुद वाग्देवी सरस्वती ने लिखा

zZZZ 😴 : निद्रा सुख

नींद का सुख हर किसी को नहीं मिलता। दिन में कई बार सोने और जागने के बीच की अवस्था में रहते हैं, हम लोग। इस सोने और जागने के बीच … Continue reading zZZZ 😴 : निद्रा सुख

प्रश्न❓Poetry : प्रश्नों को प्रक्षेपित करने वाला एक विचार और 10 कविताएँ

प्रश्नों का चरित्र भी अजीब होता है, वो तभी आते हैं जब आप थोड़ा धीमे हो जाते हैं, थोड़ा सा ठहर जाते हैं। इस दौर में ठहराव को मृत्यु के … Continue reading प्रश्न❓Poetry : प्रश्नों को प्रक्षेपित करने वाला एक विचार और 10 कविताएँ

दीया बनो, रोशनी रचो : Worship of Light

दीवाली पर आपके साथ कुछ रचनाएँ शेयर करना चाहता हूँ, इस पोस्ट में आगे जो वीडियो है वो एक पुरानी रचना पर आधारित है। इस विज़ुअल कविता को 2011 में … Continue reading दीया बनो, रोशनी रचो : Worship of Light

Right to Equality : बराबरी का अधिकार

कविवार में अबकी बार, बराबरी का अधिकार। एक बात बताइये..क्या स्त्री और पुरुष..गुणों की किसी भी एक कसौटी पर बराबर हो सकते हैं? इसका जवाब है नहीं, ऐसा कभी नहीं … Continue reading Right to Equality : बराबरी का अधिकार

Beauty vs Mirrors : ख़ूबसूरती और आईने का मुक़ाबला

आईना हमेशा एक गुप्त प्रेमी या प्रेमिका की तरह रहा है… उसके सामने आते ही लोग खुद को निहारने लगते थे। कोई कुछ नहीं बोलता था, लेकिन अपने आप ही … Continue reading Beauty vs Mirrors : ख़ूबसूरती और आईने का मुक़ाबला

Deep Dive : महत्वाकांक्षा और सपने के टकराव की चिंगारियाँ

Deep Dive क्या है ? एक गोताखोर की तरह किसी भी चीज़ (विषय-विवाद-भावना-पदार्थ) में गहराई तक उतरने की प्रवृत्ति। किसी भी चीज़ में चार-पाँच फुट से ज़्यादा गहरे उतरते ही … Continue reading Deep Dive : महत्वाकांक्षा और सपने के टकराव की चिंगारियाँ

Veil of Monsoon : बूँदों का पर्दा

इतने सारे मौसमों में उसे बरसात का मौसम पसंद है जब जब बारिश होती है उसके आंसू छिप जाते हैं वैसे बरसात में बहुत कुछ छिप जाता है कई स्याह … Continue reading Veil of Monsoon : बूँदों का पर्दा

Homeless Air, Formless Water : हवा, पानी और 10 लाइन की कहानी

अपने आसपास की हवा और पानी को महसूस कीजिए (प्रदूषित, धूल भरी आंधियों और तेज़ाबी बारिश की बात नहीं कर रहा हूं)। इन दो कविताओं में गति का बोध है। ये … Continue reading Homeless Air, Formless Water : हवा, पानी और 10 लाइन की कहानी

Fist of Darkness : मुठ्ठी में अंधेरा

एक हाथ ऊपर उठता है सूरज की तरफ बढ़ता है उस तक पहुंच जाता है उसे मुट्ठी में बंद कर लेता है लेकिन मुठ्ठी बंद होते ही… अंधेरा हो जाता … Continue reading Fist of Darkness : मुठ्ठी में अंधेरा