Trolls : मच्छर

अ-सामाजिक कविताओं की सीरीज़ से एक और रचना। ये ऑनलाइन और ऑफ़लाइन दोनों तरह के गुंडों को समर्पित है। अपने वज़न से ज़्यादा खून पी लेने वाला मच्छर उड़ नहीं … Continue reading Trolls : मच्छर