• A Bridge called Father : पुल हैं पिता
    A Bridge called Father : पुल हैं पिता

    एक पुल है…… जो धीरे धीरे बना है…. कई वर्षों में…. कई हज़ार फ़ीट की ऊँचाई पर… अनुभव और वात्सल्य के कई ट्रक… गुजर कर उस पर से… आते हैं मुझ तक

  • छोटा आसमान
    छोटा आसमान

    आत्महत्या करने वाले के लिए…. कई बार… उसका खुद का चुना हुआ आसमान छोटा पड़ जाता है

  • Rings Of A Tree 🌳 पेड़ की उम्र के छल्ले
    Rings Of A Tree 🌳 पेड़ की उम्र के छल्ले

    पेड़ की उम्र पूछी तो थी उसने… जवाब नहीं मिला… तो आरी चला दी…

  • Jewel & Thorns : ज़ेवर और काँटे
    Jewel & Thorns : ज़ेवर और काँटे

    Jewel : ज़ेवर वायरस की तस्वीर को देखिए ज़ूम करके किसी माइक्रोस्कोप में बिलकुल ज़ेवर की तरह लगता है ग़रीबी-भुखमरी को ज़ूम करके देखिए उसमें स्पष्ट दिखते हैं बड़े बड़े लोग ज़ेवर सोने के… चाँदी के.. प्रतिष्ठा के लगते हैं वायरस की तरह.. Thorns : काँटे अपनी तर्जनी उँगली सामने वाले पर उठा दो इतनी […]

  • Experience of a Sample Human 🦠 : सैंपल मनुष्य का अनुभव
    Experience of a Sample Human 🦠 : सैंपल मनुष्य का अनुभव

    कई बार लगता है कि अनुभव एक व्यक्ति से दूसरे में किसी जीवाणु की तरह यात्रा करता है.. और इस क्रम में कुछ इंसान.. दूसरे इंसानों के लिए एक सैंपल का काम करते हैं.. सैंपल मनुष्य वो है.. जिस पर सारे प्रयोग होते हैं… और जिसका जीवन और मृत्यु दूसरे को बचाने के काम आते […]

  • Wireless एकांत में हम-तुम कैसे है ?
    Wireless एकांत में हम-तुम कैसे है ?

    आपदा, महामारी, संक्रमण के असर.. अजीब होते हैं.. जैसे कोई व्यंजन बन रहा हो.. और उसे बनाने की रेसिपी में लिखा हो… “समाज के छिलके-कूड़ा-करकट माने जाने वाले गरीब-भूखे-मजबूर-बेरोज़गार पहले अलग निकाल लीजिए.. ना निकले तो पानी में भिगोकर छोड़ दीजिए.. थोड़ा समय बीतने पर छिलका अलग हो जाएगा.. और समाज का संपन्न हिस्सा तैयार […]

  • Cage 🦠 : पिंजरा
    Cage 🦠 : पिंजरा

    जैसे किसी बच्चे ने शरारत में एक लकीर खींच दीऔर अगले ही पलसबके आलीशान घरपिंजरे बन गए अब घरों में चिंताओं का, टकराती हुई आदतों का, बोरियत का ट्रैफ़िक जाम है..और सड़कों पर बेफ़िक्री ऊँघ रही हैपशु-पक्षी बिना टिकट देख रहे हैं मनुष्य कोदुनिया के सन्नाटे में ये गज़ब गोष्ठी हो रही है

  • जब उसने कहा — New York City एक खूबसूरत बीमारी है
    जब उसने कहा — New York City एक खूबसूरत बीमारी है

    Jazz संगीत के रूमानी वातावरण में प्रेयसी गुनगुनाती है.. अपनी आवाज़ से प्रेम की लकीरें खींचकर रात को सुबह के छोर तक ले जाती है.. और टूटते संबंधों पर गाते हुए कहती है.. न्यूयॉर्क सिटी.. एक ख़ूबसूरत बीमारी है।

  • Womb 🦠 : वापस जा रहा हूँ माँ की कोख में
    Womb 🦠 : वापस जा रहा हूँ माँ की कोख में

    जननी ने बच्चे को दुनिया में छोड़ा था.. ममता के कवच के साथ.. पूरी रफ़्तार से.. अब दुनिया में ताला लग गया है.. तो बच्चा कह रहा है.. मैं वापस चला माँ की कोख में..

  • ‘संकटमोचक Mask’ पर 3 रिसर्च पेपर
    ‘संकटमोचक Mask’ पर 3 रिसर्च पेपर

    कोरोना वायरस पर रिसर्च करते हुए पिछले दिनों 3 रिसर्च पेपर पढ़े इनमें से एक नेचर मेडिसिन में छपा है… और दूसरा रिसर्च पेपर थोड़ा पुराना है.. उसे केंब्रिज जर्नल्स में 2013 में छापा गया था और तीसरा स्टैनफर्ड मेडिसिन का है। इन तीनों रिसर्च पेपर्स के ज़रिए कुछ महत्वपूर्ण पहलू सामने आए.. सोचा आपके […]

  • Masks 🦠 : मुखौटे
    Masks 🦠 : मुखौटे

    अंदर तो हमेशा ही पहनकर रखते थे ये मुखौटे अब बाहर आ गये हैं अपनी पहचान ढूँढते घूम रहे लोगों में आजकल मुँह ढकने की होड़ है अब सब एक जैसे लगते हैं Notebook Version (वो जो पन्ने फाड़कर मन की तिजोरियों में रखे जाते हैं, वैसा ही कुछ… इसे क्लिक करते ही बड़े आकार […]

  • Moon Line in Lockdown : चांद की आज़ाद लकीर
    Moon Line in Lockdown : चांद की आज़ाद लकीर

    Tap or Click Play चाँद किसी लॉकडाउन में नहीं हैवो उम्मीदों वाले विभाग का आपातकालीन सेवक हैहर आँख..चाँद को देखते हुएआसमान में आज़ादी की लकीर खींच रही है

  • Test Positive 🦠 : टेस्ट पॉज़िटिव आया है
    Test Positive 🦠 : टेस्ट पॉज़िटिव आया है

    इस समय अगर संवेदनाओँ के सैंपल इकट्ठा किए जाएं.. तो लोगों के दिलों की किताबों से कई सूखे फूल निकलेंगे.. छूते ही टूट सकने वाले… अगर किसी को ये एहसास हो जाए कि वो जहाँपनाह नहीं है.. उसकी मर्ज़ी से एक पत्ता भी नहीं हिल सकता.. तो वो एक बार ज़रूर अपना फ़ोन उठाकर किसी अपने का नंबर डायल करेगा..और जब दूसरी तरफ़ से आवाज़ आएगी.. तो देर तक ज़ुबान से कुछ नहीं निकलेगा.. शायद आँखों से निकल आए… कुछ टेस्ट ऐसे होते हैं.. जिनके सैंपल आँखों से लिए जाते हैं।

  • शब्दशोध : जाहिल, कुत्सित
    शब्दशोध : जाहिल, कुत्सित

    दो शब्द हैं जाहिल कुत्सित इनके मूल अर्थ और उद्गम को जाने बिना इनका काफी प्रयोग होता है… इसलिए इसे समझ लेना चाहिए जाहिल शब्द अरबी के शब्द जाहिलिया से आया है.. इसके मूल में भी जह्ल है। ये अरब में इस्लाम से पहले की सामाजिक स्थिति को लेकर बोला जाता था। यानी इस्लाम के […]

  • Lockdown Duration : भारत को कितने दिन के लॉकडाउन की ज़रूरत है ?
    Lockdown Duration : भारत को कितने दिन के लॉकडाउन की ज़रूरत है ?

    ‪प्रवासी मज़दूरों के पलायन की तस्वीरें सबको दुख दे रही हैं, पर ये लॉकडाउन 21 दिन में ख़त्म होता नहीं दिखता‬। ‪भारत को कम से कम 49 दिन के लॉकडाउन की ज़रूरत है। ‬ ‪भारतीय वैज्ञानिक रॉन्जॉय अधिकारी और राजेश सिंह ने एक रिसर्च पेपर तैयार किया है। इसे केंब्रिज यूनिवर्सिटी के Department of Applied […]

  • Ants 🦠 : चींटियाँ
    Ants 🦠 : चींटियाँ

    उस चलते फिरते आदमी के अंदर भूख की अंगीठी है सबने अपनी अपनी रोटी सेंकी उस पर…. read more

  • कोरोना वायरस 🦠 ने दुनिया 🌏 का RESET बटन 🖲 दबा दिया
    कोरोना वायरस 🦠 ने दुनिया 🌏 का RESET बटन 🖲 दबा दिया

    दुनिया की सारी सेटिंग्स अब बदल गई हैं। एक लाइलाज वायरस ने दुनिया को अपने तौर तरीके बदलने पर मजबूर कर दिया है। कोरोना वायरस से दुनिया की आदतें कैसे बदल रही हैं.. कोरोना से लड़ रही दुनिया के लिए भविष्य की डिजिटल आचार संहिता क्या है… ये इस Mindmap में देखिए  

  • कोरोना 🦠 वाले 2020 में 1918 वाला सबक़
    कोरोना 🦠 वाले 2020 में 1918 वाला सबक़

    फ़िलहाल भारत में जो स्थिति है उसे सुलझाने के लिएPanic करने की ज़रूरत नहीं है..परंतु लापरवाह होकर Picnic करने की भी ज़रूरत नहीं हैये सावधान रहने और इतिहास से सबक़ लेने का समय है2020 में 1918 वाले सबक़ महत्वपूर्ण हो चले हैं 👇 1918 में दुनिया की एक तिहाई आबादी संक्रमित हो गई थी और […]

  • Infection 🦠 : संक्रमण
    Infection 🦠 : संक्रमण

    हर मुलाक़ात संक्रमित है माथे को सहलाने वाला हाथ संक्रमित है

  • Janta Curfew Notes : वायरस vs गरीब/ज़रूरतमंद
    Janta Curfew Notes : वायरस vs गरीब/ज़रूरतमंद

    ‪वायरस और व्यवस्था 🦠 ग़रीबों/ज़रूरतमंदों को चारों तरफ से घेर लेते हैं‬ ‪#ग़रीबीवायरस #Corona से भी भयंकर है ‪छोटी झुग्गी में अपने बड़े परिवार के साथ सटकर रहने वाले लोग‬ ‪वो पतली गलियाँ जहां लोगों के अस्तित्व टकराते रहते हैं‬ वहां सामाजिक दूरियाँ कैसे लागू होंगी ?‬   ‪भारत में तमाम बुज़ुर्गों को अपनी आख़िरी […]